BPSC 63 Final Exam Result 2019 || NABARD Manager Grade A, B Pre Exam Result 2019 ||
HSSC Clerk Exam Date/ Admit Card 2019 || Delhi HC Judicial Service Admit Card 2019 || BSF Head Constable (RO/ RM) Admit Card 2019 ||
UPPSC PCS Pre(General Recruitment / Special Recruitment) Examination, 2019 || SBI Specialist Cadre Officer Recruitment 2019 || Indian Army TGC 131 July 2020 Online Recruitment 2019 ||
Indian Army 10+2 TES 43 Recruitment 2020 || UPNHM Various Post Online Form 2019 || NTA UGC NET December Online Form 2019 ||

साप्ताहिक करेंट अफेयर्स घटनाक्रम: 06 मई से 11 मई 2019


1. आयरलैंड ने जलवायु आपातकाल की घोषणा की

आयरलैंड की संसद ने 09 मई 2019 को जलवायु आपातकाल घोषित कर दिया है. संसदीय रिपोर्ट ने संसद से यह भी जांच करने का आह्वान किया कि कैसे आयरिश सरकार जैव विविधता हानि के मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया में सुधार कर सकती है. निर्णय पर्यावरण प्रचारकों द्वारा स्वागत किया गया था जिन्होंने इसे ऐतिहासिक बताया.

आयरलैंड जलवायु आपातकाल की घोषणा करने वाला विश्व का दूसरा देश बना गया है. इससे पहले ब्रिटेन जलवायु आपातकाल घोषित करने वाला विश्व का पहला देश बन गया है. ब्रिटेन की संसद ने 01 मई 2019 को जलवायु आपातकाल घोषित करने हेतु प्रस्ताव पारित किया था, जिससे वह जलवायु आपातकाल की घोषणा करने वाला विश्व का पहला देश बन गया था.

2. बिहार के 3.5 नियोजित टीचर्स को नहीं मिलेगा समान वेतन: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने 10 मई 2019 को बिहार के लगभग 3.5 लाख नियोजित टीचर्स के समान वेतन संबंधित फैसले को रद्द कर दिया है. इस मामले में बिहार सरकार की अपील सुप्रीम कोर्ट ने मंजूर कर ली है. बिहार के लगभग 3.5 लाख नियोजित शिक्षकों के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है.

यह फैसला जस्टिस अभय मनोहर सप्रे और जस्टिस उदय उमेश ललित की अध्यक्षता वाली पीठ ने सुनाया. पटना हाई कोर्ट द्वारा नियोजित टीचरों को नियमित सरकारी टीचरों के समान वेतन देने का आदेश दिया गया था. बिहार सरकार ने इस आदेश को सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी और आदेश पर तत्काल रोक लगाने की मांग की थी.

3. सिंगापुर संसद ने फेक न्यूज विधेयक पारित किया

सिंगापुर संसद ने 08 मई 2019 को दो दिनों तक चली बहस के बाद फेक न्यूज से निपटने हेतु फेक न्यूज विधेयक पारित कर दिया. हालांकि, पत्रकारों, शिक्षाविदों और वैश्विक प्रौद्योगिकी कंपनियों द्वारा मुक्त भाषण और शक्ति के दुरुपयोग पर चिंता जाहिर की थी. यह अभिव्यक्ति की आज़ादी पर शिकंजा कसने हेतु भी इस्तेमाल किया जा सकता है.

इस विधेयक में मंत्रियों को यह हक़ होगा कि वह फेसबुक जैसी सोशल मीडिया वेबसाइटों को उन पोस्ट पर ‘चेतावनी’ लगाने का आदेश दे सकते हैं जिन्हें अधिकारी फेक मानते हैं. आलोचकों का कहना है कि कानून सरकारी अधिकारियों को अपने तरीके से मनचाहा शक्तियां प्रदान करता है.

4. अयोध्या विवाद: सुप्रीम कोर्ट ने मध्यस्थता समिति को दिया तीन महीने का समय

सुप्रीम कोर्ट में 10 मई 2019 को पांच जजों की संवैधानिक पीठ ने अयोध्या मामले की सुनवाई की. मध्यस्थता समिति ने सकारात्मक समाधान हेतु कोर्ट से 15 अगस्त तक का समय मांगा. उसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने मध्यस्थता समिति को तीन महीने (15 अगस्त तक) का और समय दिया है.

कोर्ट ने 8 मार्च 2019 को कहा था कि मध्यस्थता प्रक्रिया एक सप्ताह के भीतर शुरू होगी और समिति चार सप्ताह के भीतर प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी. मध्यस्थता कमेटी को इससे पहले 8 हफ्ते का समय दिया गया था लेकिन 10 मई 2019 को सुनवाई के दौरान कमेटी ने अतीरिक्त समय की मांग की थी.

5. अमेरिका ने ईरानी धातुओं पर प्रतिबंध लगाया

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 08 मई 2019 को एक कार्यकारी आदेश जारी कर ईरानी धातुओं पर प्रतिबंध लगाए जाने की घोषणा की है. इस फैसले का मुख्य उद्देश्य अमेरिका द्वारा ईरान को स्टील, लोहा, एल्यूमीनियम और तांबे का निर्यात कर राजस्व जमा करने से रोकना है. अमेरिका द्वारा ईरानी धातुओं का आयात किसी अन्य देशों को भी नहीं करने की बात कही गयी है.

अमेरिका और ईरान के बीच 1980 से कोई औपचारिक राजनयिक संबंध नहीं है. ईरान के खिलाफ अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कड़े एकपक्षीय प्रतिबंधों को दोबारा लागू कर दिया जो साल 2015 के समझौते के तहत हटा लिया गया था. ईरान के साथ अमेरिका ने 8 मई 2018 को हुए परमाणु समझौते को रद कर दिया था.

6. मनुष्यों के कारण विलुप्त होने के कगार पर हैं लाखों प्रजातियां: यूएन रिपोर्ट

संयुक्त राष्ट्र ने 06 मई 2019 को जारी एक आकलन रिपोर्ट में कहा कि मानवता उसी प्राकृतिक विश्व को तेजी से नष्ट कर रही है, जिस पर उसकी समृद्धि और उसका अस्तित्व टिका है. विशेषज्ञों के अनुसार जानवरों और पौधों की दस लाख प्रजातियां विलुप्त होने के कगार पर पहुंच गई हैं. इनमें से बहुत से प्रजातियों पर कुछ दशकों में ही विलुप्त हो जाने का खतरा मंडरा रहा है.

रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रकृति को बचाने हेतु बड़े बदलावों की आवश्यकता है. हमें करीब-करीब प्रत्येक चीज के उत्पादन एवं पैदावार और उसके उपभोग के तरीके में बदलाव करना होगा. रिपोर्ट में बताया गया है कि किस प्रकार हमारी प्रजातियों की बढ़ती पहुंच और भूख ने सभ्यता को बनाए रखने वाले संसाधनों के प्राकृतिक नवीनीकरण को संकट में डाल दिया है.

7. अमेरिका चीन ट्रेड वार, जानिए विस्तार से

अमेरिका ने हाल ही में चीन के साथ चल रही व्यापार वार्ता की धीमी प्रगति से हताश होकर इसी सप्ताह से दो सौ अरब डॉलर की चीनी वस्तुओं पर आयात शुल्क बढ़ाने का विचार कर रहा है. अमेरिका और चीन के बीच लंबे समय से व्यापार युद्ध (ट्रेड वार) चल रहा है.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक ऐसी नीति को लागू करने की अनुमति दे दी थी जिसके तहत 50 अरब डॉलर मूल्य के चीन से आयतित सामान पर 25 प्रतिशत शुल्क लगाया जाएगा. उधर, चीन ने अमेरिका के इस कदम का विरोध किया और पलटवार करते हुए अपने यहां आने वाले अमेरिकी सामान पर अतिरिक्त टैक्स लगाने की घोषणा कर दी थी.

8. स्कॉर्पीन क्लास की चौथी पनडुब्बी आइएनएस वेला लॉन्च, जाने इसकी खासियतें

भारतीय नौसेना ने 06 मई 2019 को चौथी स्कॉर्पीन पनडुब्बी आइएनएस वेला को मुंबई के मजगांव डॉक लिमिटेड (एमडीएल) में लॉन्च किया. वेला पनडुब्‍बी को नौका-सेतू से उसे अलग करने के लिए मुम्‍बई पोर्ट ट्रस्‍ट लाया गया. पनडुब्‍बी का बंदरगाह और समुद्र में कठिन परीक्षण और जांच की जायेगी, उसके बाद ही इसे भारतीय नौसेना को सौंपा जायेगा.

भारत कुल 6 स्कॉर्पीन पनडुब्बियों को पानी में उतारने वाला है जिनमें से ‘वेला’ चौथी है. रिपोर्ट्स के अनुसार, बाकी बची दो पनडुब्बियां, आइएनएस वागीर और आइएनएस वागशीर पर काम चल रहा है और जल्द ही इन्हें भी समुंद्र में उतारा जाएगा. सभी पनडुब्बियां 67.50 मीटर लंबी और 12.30 मीटर ऊंची हैं.

9. ब्रिटेन जलवायु आपातकाल घोषित करने वाला पहला देश बना

ब्रिटेन की संसद ने हाल ही में पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन को लेकर आपातकाल घोषित कर दिया है. जलवायु परिवर्तन पर आपात स्थिति घोषित करने की मांग कर रहे एक समूह के कार्यकर्ताओं ने मध्य लंदन में विरोध प्रदर्शन शुरू किया था. प्रदर्शनकारियों ने 11 दिन तक चले इस विरोध प्रदर्शन में शहर की सड़कों को बंद कर दिया. यह आंदोलन अब जर्मनी और अन्य यूरोपीय देशों में भी फैल गया है.

संयुक्त राष्ट्र का कहना है कि जलवायु परिवर्तन से होने वाली तबाही से बचने के लिए हमारे पास सिर्फ बारह साल रह गए हैं. यदि इस समस्या का समाधान जल्दी नहीं किया गया तो धरती पर तबाही आ जाएगी. ब्रिटेन की संसद द्वारा जलवायु आपात स्थिति घोषित करने से पहले ही ब्रिटेन के दर्जनों कस्बों और शहरों ने जलवायु आपात स्थिति घोषित कर दी थी.

10. विश्व अस्थमा दिवस 07 मई को मनाया गया

विश्व अस्थमा दिवस प्रत्येक वर्ष के मई महीने के पहले मंगलवार को पूरे विश्व में मनाया जाता है. इस बार विश्व अस्थमा दिवस 07 मई 2019 को विश्व स्तर पर मनाया गया. वर्तमान समय में वायु प्रदूषण को देखते हुए अस्थमा के रोगियों की संख्या दिनों दिन बढ़ती जा रही है.

विश्व अस्थमा दिवस मई महीने के पहले मंगलवार को पूरे विश्‍व में घो‍षित किया गया है. विश्व अस्थमा दिवस साल 1998 में पहली बार बार्सिलोना, स्पेन सहित 35 देशों में मनाया गया. विश्व अस्थमा दिवस का आयोजन प्रत्येक वर्ष ग्लोबल इनिशिएटिव फॉर अस्थमा (जीआईएनए) द्वारा किया जाता है.

© Copyright 2018-2019 at https://sarkariresultts.in
For advertising in this website contact us support@sarkariresultts.in


Created By sarkariresultts.in